मंगलवार, 26 दिसंबर 2023

👉 शुभ विचारों का प्रभाव

दूषित विचारों से वातावरण की सारी सुंदरता नष्ट हो गई है। अब मनुष्य-जीवन का कुछ मूल्य नहीं रहा है; क्योंकि कुविचारों के फेर में इतनी अधिक अशांति उत्पन्न कर ली गई है कि उसमें थोड़े से से विचारवान व्यक्तियों को भी चैन से रहने का अवसर नहीं मिलता। इस संसार की सुखद रचना और इसके सौंदर्य को जाग्रत करना चाहते हो, तो वैयक्तिक तथा सामाजिक जीवन में सद्विचारों की प्रतिष्ठा करनी ही पड़ेगी। इसके लिए केवल कुछ व्यक्तियों को नहीं, वरन बुराइयों की तुलना कुछ अधिक प्रभावशाली सामूहिक प्रयास करने पड़ेंगे; तभी सबके हित संरक्षित रह सकेंगे।

यह कल्पना तभी साकार हो सकेगी; जब अपने विचारों के :परिवर्तन से सभ्य-सुसंस्कृत समाज की रचना का प्रयत्न करोगे। तुम उसी पदार्थ को अपनी ओर आकृष्ट करते हो; जिसके लिए अंतर में विचार होते हैं। अब तक बुरे विचार उठ रहे थे। अत: वातावरण भी कुरूप-सा, अशांत-सा लग रहा है। भ्रम और द्वेषपूर्ण विचारों से दुर्भावनाओं को मार्ग मिलता रहा। अब इसे छोड़ने का क्रम अपनाना चाहिए और शुभ विचारों की परंपरा डालनी चाहिए।

प्रेममय विचारों से हम अपने प्रेमास्पद को आकृष्ट करते हैं। ये विचार भी अप्रकट न रह सकेंगे। शीघ्र ही स्वभाव रूप में प्रकट होंगे और शीघ्र ही स्वभाव, क्रिया तथा कर्म के रूप में परिणत होकर वैसे ही परिणाम उपस्थित कर देंगे।


All World Gayatri Pariwar Official  Social Media Platform

*शांतिकुंज हरिद्वार के ऑफिशल व्हाट्सएप चैनल *awgpofficial Channel* को Follow करे*  
https://whatsapp.com/channel/0029VaBQpZm6hENhqlhg453J

Shantikunj Official WhatsApp Number

8439014110 शांतिकुंज की गतिविधियों से जुड़ने के लिए 8439014110 पर अपना नाम लिख कर WhatsApp करें

Official Facebook Page
Official Twitter

Official Instagram

Youtube Channel Rishi Chintan

Youtube Channel Shantikunjvideo

कोई टिप्पणी नहीं:

👉 जीवन लक्ष्य और उसकी प्राप्ति भाग ३

👉 *जीवन का लक्ष्य भी निर्धारित करें * 🔹 जीवन-यापन और जीवन-लक्ष्य दो भिन्न बातें हैं। प्रायः सामान्य लोगों का लक्ष्य जीवन यापन ही रहता है। ...