�� हम बदलेंगे - युग बदलेगा, हम सुधरेंगे - युग सुधरेगा
nice post sirwww.jeevankasatya.com
एक टिप्पणी भेजें
मनुष्य स्वभाव में अनेकों मनोविकार ऐसे हैं, जो निरन्तर उसकी मानसिक तथा शारीरिक योग्यता का विनाश किया करते हैं। घृणा, द्वेष, काम, मद मोह और लो...
1 टिप्पणी:
nice post sir
www.jeevankasatya.com
एक टिप्पणी भेजें