बुधवार, 3 मई 2017

👉 समय का सदुपयोग करें (भाग 20)

🌹 समय के सदुपयोग का महत्व समझिए

🔴 जीवन का हर क्षण एक उज्ज्वल भविष्य की सम्भावना लेकर आता है। हर घड़ी एक महान् मोड़ का समय हो सकती है। मनुष्य यह निश्चयपूर्वक  नहीं कह सकता कि जिस वक्त, जिस क्षण और जिस पल को यों ही व्यर्थ में खो रहा है वह ही क्षण—वह ही वक्त-क्या उसके भाग्योदय का वक्त नहीं है? क्या पता जिस क्षण को हम व्यर्थ समझकर बरबाद कर रहे हैं वह ही हमारे लिये अपनी झोली में सुन्दर सौभाग्य की सफलता लाया हो।

🔵 सबके जीवन में एक परिवर्तनकारी वक्त आया करता है। किन्तु मनुष्य उसके आगमन से अनभिज्ञ रहा करता है। इसलिये हर बुद्धिमान मनुष्य हर क्षण को, बहूमूल्य समझकर व्यर्थ नहीं जाने देता। कोई भी क्षण व्यर्थ न जाने देने से निश्चय ही वह क्षण हाथ से छूटकर नहीं जा सकता जो जीवन में वांछित परिवर्तन का संदेशवाहक होगा। सिद्धि की अनिश्चित घड़ी से अनभिज्ञ साधक जिस प्रकार हर समय लौ लगाये रहने से उसको पकड़ लेता है ठीक उसी प्रकार हर क्षण को सौभाग्य के द्वार खोल देने वाला समझकर महत्त्वाकांक्षी कर्मवीर जीवन के एक छोटे से भी क्षण की उपेक्षा नहीं करता और निश्चय ही सौभाग्य का अधिकारी बनता है।

🔴 कोई भी दीर्घसूत्री व्यक्ति संसार में आज तक सफल होते देखा, सुना नहीं गया है। जीवन में उन्नति करने और सफलता पाने वाले व्यक्तियों की जीवनगाथा का निरीक्षण करने पर निश्चय ही उनके उन गुणों में समय के पालन एवं सदुपयोग को प्रमुख स्थान मिलेगा जो जीवन की उन्नति के लिए अपेक्षित होते हैं।

🌹 क्रमशः जारी
🌹 पं श्रीराम शर्मा आचार्य

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