बुधवार, 5 जुलाई 2017

👉 हारिय न हिम्मत दिनांक :: ५

🌹 हँसते रहो, मुस्कराते रहो

🔵 उठो! जागो! रूको मत!!! जब तक की लक्ष्य न प्राप्त हो जाए। कोई दूसरा हमारे प्रति बुराई करे या निंदा करे, उद्वेगजनक बात कहे तो उसको सहन करने और उसे उत्तर न देने से बैर आगे नहीं बढ़ता। अपने ही मन में कह लेना चाहिए कि इसका सबसे अच्छा उत्तर है मौन। जो अपने कर्तव्य कार्य में जुटा रहता है और दूसरों के अवगुणों की खोज में नहीं रहता है उसे आंतरिक प्रसन्नता रहती है।

🔴 जीवन में उतार- चढ़ाव आते ही रहते हैं।

🔵 हँसते रहो, मुस्कुराते रहो।

🔴 ऐसा मुख किस काम का जो हँसे नहीं ,, मुस्कराए नहीं।

🔵 जो व्यक्ति अपनी मानसिक शक्ति स्थिर रखना चाहते हैं उनको दूसरों की आलोचनाओं से चिढऩानहीं चाहिए।

🌹 ~पं श्रीराम शर्मा आचार्य


👉 Lose Not Your Heart Day 5
🌹 Keep Smiling, Keep Laughing


🔵 Wake up! Do not rest until you have achieved your goal. If you regard gossip and ill-will as trivial and refuse to acknowledge them, hostility will not increase. For such things, silence is the best response. True happiness comes from focusing on one's duty rather than on shortcomings in others.

🔴 Life is full of ups and downs, but we must always remain cheerful. What good is a face that cannot smile or laugh? Do not be irritated by, criticism from others, and you will retain your mental equilibrium.

🌹 ~Pt. Shriram Sharma Acharya

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